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Supporting Terrorists is a Betrayal of Religion आतंकवादियों का समर्थन करना धर्म के साथ विश्वासघात है

डॉ साहिल भारती

उर्दू से अनुवाद न्यू एज इस्लाम

28 सितंबर, 2020

मुकर्रमी!

धर्म के नाम पर आतंकवाद धर्म का अपमान है। जिस धर्म का सहारा ले कर इंसानी जान व माल का नुक्सान हो रहा हो उस धर्म के अनुयायियों की पहली जिम्मेदारी है जो ऐसे धर्मविरोधी विचारों के अपराधियों और समर्थकों को अपनी सफों से बाहर करें और उनसे सामाजिक अलगाव की घोषणा करें और वर्तमान सरकार के साथ ऐसे विचारों को दबाने में सहयोग करें। फसादी विचार के तथाकथित मुजाहिद आज हर धर्म का चोला पहने हुए हैं इसलिए सभी को नजर रखने की आवश्यकता है। इस्लाम के नाम पर फसाद बरपा करने वाले यह आतंकवादी अगर बिदआत व खुराफात, फितना व तबाह कारियों को इस्लाम की ओर मंसूब करते हैं। जो कि इस्लाम के साथ खुली दुश्मनी है। रसूले पाक ने फरमाया ऐसे लोगों का बचाव करना या उनकी सुरक्षा करना उनको पनाह देना अपराध व गुनाह है। हदीस के अनुसार, जो कोई बुरी बिदअत का प्रतिबद्ध करता है या उनको बढ़ावा देता ही तो उस पर अल्लाह, उसके फरिश्तों और तमाम कायनात की लानत होती है। इस्लाम के नाम पर जो लोग आत्महत्या, अपहरण या बम धमाके जैसी आतंकवादी वारदातों की योजना बनाते हैं ऐसे लोगों के खिलाफ मुसलमानों को चाहिए कि उनकी गतिविधियों से अधिकारियों कप अवगत करें। इससे हट कर कि मुस्लिम या गैर मुस्लिम देशों में यह हरकतें की जाती हैं या नहीं। इस्लाम के नाम पर झूटे तरीके से की जाने वाली उन गैर इस्लामी हरकतों पर मुहर लगाने में मुस्लिम कौम को सबसे आगे आना होगा। अल्लाह के रसूल ने फरमाया: तुम में से कोई बुराई को देखे तो उसे अपने हाथ की ताकत से बदल दे। अगर कोई यह ताकत अपने अंदर न रखता हो तो वह अपनी जुबान से काम ले। और अगर कोई इसकी ताकत भी न रखता हो तो वह अपने दिल में उसे बुरा समझे। और यह सबसे कमज़ोर ईमान है। (मुस्लिम- अन अबी सईद अल खुदरी रज़ीअल्लाहु अन्हु)। जिहादी, तक्फीरी और दहशतगर्द मुसलमानों की सफों में कैंसर की तरह हैं, और यह आतंकवादी दीन के अंदर की पवित्रता को समाप्त कर देते हैं। इसलिए हर मुसलमान का फर्ज़ है कि वह उन लोगों के बारे में अधिकारियों को आगाह करे जो आतंकवादी कार्यवाहियों को अंजाम देते हैं या देश व कौम को बर्बाद करने की योजना बनाते हैं या उसमें संलिप्त होते हैं।

Urdu Article: Supporting Terrorists is a Betrayal of Religion دہشت گردوں کی حمایت مذہب سے غداری ہے

URL: https://www.newageislam.com/hindi-section/supporting-terrorists-betrayal-religion/d/125817

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